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गुरुवार, 18 अगस्त 2011

तीसरा रास्ता: लम्बी लड़ाई में पहली जीत के बाद

तीसरा रास्ता: लम्बी लड़ाई में पहली जीत के बाद
माँ के पूतों के शोणित से धरा लाल होगी तो
श्वान, गीध भी खा न सकेंगे दुश्मन की बोटी को

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ईद मुबारक!

ईद मुबारक! कितना प्यारा कितना पाक आसमान से रहा है झाँक अपना-अपना सबका चाँद रब से दुआ रहा है माँग बोले जग को ईद मुबारक दिल से दिल का मेल मुबारक! ईद मुबारक! ईद मुबारक! बेटी बोली अब्बा आना कपड़े और सिवइयाँ लाना बहना बोली गोटा लाना छोटू बोला गन ले आना बीबी बोली क्या बतलाना लाना कुछ भी या मत लाना सीमा पर से जल्दी आना। ईद...

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